'छात्रों को राम मंदिर नहीं, नौकरी चाहिए', तेजस्वी की गैर मौजूदगी में RJD ने विधानसभा से बोला केंद्र पर हमला
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23-07-2026
पटना: बिहार में दिल्ली के जंतर मंतर पर नीट छात्र और कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन पर माहौल गरम है। पटना में भी उसी तर्ज पर बुधवार को छात्रों ने उग्र प्रदर्शन किया। इसके बाद विपक्षी राजद भी इस मुद्दे पर जमकर बयानबाजी कर रहा है। राजद ने तो इसे अघोषित आपातकाल का नाम भी दे दिया है।देश में अघोषित आपातकाल: राजद
राजद के मनेर से चर्चित विधायक भाई वीरेंद्र ने कहा कि 'देश में अघोषित इमरजेंसी लग गई है। जब कांग्रेस के जमाने में प्रेस बिल लाया गया था, प्रेस पर अंकुश लगाया गया था तो कैबिनेट से फैसला लेकर किया गया था। इस NDA की सरकार में कैबिनेट से फैसला नहीं होता है, ये अघोषित इमरजेंसी है। छात्र छात्राएं अपने जीवन के लिए आंदोलन कर रहे हैं। उन्हें राम मंदिर की जरूरत नहीं है, उन्हें नौकरी और रोजगार की जरूरत है।'पढ़ने वालों को नौकरी नहीं मिल रही: राजद
भाई वीरेंद्र के अनुसार 'नीट और बाकी पेपर लीक जो हुए हैं, उससे पढ़ने वाले सारे लोग परेशान हैं। जो लोग तेज तर्रार हैं उन्हें नौकरी नहीं मिल पा रही है। जो लोग मैनेज कर के चल रहे हैं और जिन्हें लीक पेपर मिल जा रहे हैं, वो बड़े अफसर बन जा रहे हैं। इसलिए इनके आंदोलन के साथ हमारी पार्टी, हमारा महागठबंधन खड़ा है। छात्रों पर जो लाठीचार्ज हो रहा है, मैं उसके विरोध में हूं, ये निंदनीय है।'
लड़ने जाइएगा तो पटकाइएगा: भाई वीरेंद्र
भाई वीरेंद्र ने आगे कहा कि 'अब तो लोग सड़क पर उतर गए। नेता कोई नहीं उतरा, छात्र उतरे। 1974 में भी ऐसा ही हुआ था। अब देश में परिवर्तन की लहर चल गई है NDA की सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए।' बीजेपी विधायकों पर हमले को लेकर भाई वीरेंद्र ने आरोप लगाया कि 'हो सकता है कि बीजेपी बड़का झूठा पार्टी जान बूझ कर ऐसा कर रही है। अगर लड़ने जाइएगा और कमजोर रहिएगा तो पटका ही जाइएगा।'
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